मणिकर्णिका की जलती चिताएं डराती नहीं, जिंदगी का फलसफा सिखाती हैं

बनारस की तंग और खामोश गलियों के बीच एक ऐसी ‘अंतिम गली’ है, जहां पहुंचते ही जिंदगी और मौत का फासला धुंधला पड़ जाता है. काशी की आत्मा कहे जाने वाले इस घाट पर चौबीसों घंटे जलती चिताएं इंसान को डराती नहीं, बल्कि जीवन के सच से रूबरू कराती हैं.

Posted in Uncategorized