प्रेम प्यास नहीं, परम तृप्ति है… आचार्य मिथिलेश नंदिनी शरण ने बताई प्रेम की परिभाषा

Sahitya Aajtak Lucknow 2026: लखनऊ में साहित्य आजतक का आज आगाज हो गया है. आचार्य मिथिलेश नंदिनी शरणजी महाराज ने साहित्य आजतक के मंच से प्रेम को लेकर कई अहम बातें शेयर की हैं. आचार्य ने सनातन में प्रेम का अर्थ भी बताया है.

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